-->

Notification

×

Iklan

Iklan

Most Popular

क्या होगा अगर चाँद बीचों - बीच से फट गया तो ?

Friday, January 15, 2021 | Friday, January 15, 2021 WIB
चाँद उन चीजों में से एक है, जिसे हमने हमेशा से देखा है..यकीनन, यह हमेशा से यहीं है और शायद आने वाले लाखों वर्षों तक इसका अस्तित्व बना रहेगा...हम रात में आसमान और चमकते चांद को देखने के आदी हो गए हैं...लेकिन अगर आने वाले दिनों में चांद किसी उपग्रह से टकराकर नष्ट हो गया तो आप क्या करेंगे...क्योंकि उसके बाद का जो मंज़र दिखने वाला है वो कुछ ऐसा होगा...ओह  यह तो बहुत डरावना है...
चलिए आज एक सैर पर निकलते है और एक कल्पना करते है कि चांद के बिना दुनिया कैसी होने वाली है.... ..आप देख रहे हैं नियो टाइम्स... और आज आप जानने वाले है कि अगर चंद फट जाए तो क्या होगा........

 अगर ऐसा हुआ तो फिर आप क्या करेंगे...क्योंकि चांद में हुई इस तबाही के बाद पृथ्वी में इसका बहुत ज्यादा असर दिखने वाला है...और बहुत कुछ बदलने वाला है.... आपने कभी कल्पना की है कि फिर हमारी दुनिया यानि की प्रथ्वी कैसी हो जाएगी...क्या प्रथ्वी में रहने वाले इंसान चांद के खत्म होने के साथ ही मर जाएंगे या फिर तस्वीर कुछ अलग होगी....

चंद्रमा रात के समय में आकाश में पृथ्वी से जितना नजदीक होता है और सबसे ज्यादा चमकता है...हमारा चंद्रमा पृथ्वी से सिर्फ 3.7 गुना छोटा है...नासा के वैज्ञानिकों का ऐसा मानना है कि, कई हजार साल पहले मंगल ग्रह और हमारे ग्रह यानि की पृथ्वी के बीच जोरदार टक्कर हुई थी...पृथ्वी और मंगल ग्रह के टकराने के बाद चंद्रमा ग्रह का जन्म हुआ था...और इस तरह से तब से अब तक पृथ्वी में रहने वाले इंसान चांद और चांदनी रात का मजा ले रहे हैं...लेकिन चंद्रमा के नष्ट होने के साथ ही बहुत कुछ बदलने वाला है.....

चांद के नष्ट होने से रात में हमेशा के लिए गहरा अंधेरा छा जाएगा...खूबसूरत चांदनी रात फिर कभी नहीं होगी...लेकिन हां, तब आपको आकाश में शुक्र गृह की कभी कभार थोड़ी बहुत चमक नजर आएगी....सिर्फ इतना ही नहीं चंद्रमा ने नष्ट होने के साथ ही पृथ्वी तेजी से घूमने लगेगी और दिन 6 से 8 घंटे लंबे होने लगेंगी और राते इतनी ही छोटी...

सौर और चंद्र ग्रहण का अस्तित्व भी समाप्त हो जाएगा... क्योंकि पृथ्वी और सूर्य के बीच कोई वस्तु नहीं होगी...और फिर कोई ग्रहण भी नही होगा.....आपको एक छोटे से ग्रहण को देखने के लिए शुक्र के सामने आने की प्रतीक्षा करनी होगी..क्योंकि ऐसा कोई सालों के बाद होता है.....

चंद्रमा के नष्ट होने के साथ ही रात के जीवों को पहले से ज़्यादा संघर्ष करना होगा...चांद की रोशनी के बिना रात में सक्रीय जानवरों को रात में नेविगेशान नहीं मिलेगा..ऐसे हालातों में बहुत से जीवों का पृथ्वी से हमेशा हमेशा के लिए विनाश हो सकता है....

इसके अलावा अभी और भी बहुत कुछ होने वाला है....बिना चांद के दुनिया भर के सभी समुद्रों का जलस्तर बदल जाएगा.... भूमध्य रेखा क्षेत्र में महासागर का पानी ध्रुवों की ओर बढ़ेगा...ये एक सुनामी जैसा होगा....और इसकी चपेट में आकर बहुत सारे इंसान मर सकते है.....

चंद्रमा पर लगातार क्षुद्रग्रहों की बरसात होती रहती है... पृथ्वी को क्षुद्रग्रहों से बचाने के लिए चंद्रमा ढाल का काम करता है...लेकिन जैसे ही चांद नष्ट होगा उसके बाद ये छुद्रग्रह सीधे पृथ्वी पर गिरेंगे जिसकी वजह से पृथ्वी में हमेशा भूकंप, ज्वालामुखी, हालात होंगे और लाखों लोग मरेंगे.....

अगर चंद्रमा अचानक एक ग्रह से टकरा गया - या इससे भी बदतर - अगर इंसानों ने इसे उड़ा दिया, तो हमारे ग्रह को गंभीर परिणाम भुगतने होंगे....चांद से गिरने वाला मलबा एक  छल्ला के आकार में पृथ्वी के चारों ओर बन सकता है..अगर हम इस तबाही से बच भी गए तो हमारा ग्रह यानी कि पृथ्वी कई सालो तक इस मलबे से टकराती रहेगी...और ऐसी तबाही सालों तक हमारे दरवाजे पर खड़ी होगी और इंसान मरते रहेंगे.....
×
Latest Updates Update